18 अप्रैल 2026 को स्ट्रेट ऑफ हार्मुज़ में ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने भारतीय तेल टैंकर सनमार हेराल्ड पर फायरिंग की, जिसके बाद जहाज को पीछे हटना पड़ा। इस घटना के जवाब में भारत सरकार ने ईरानी राजदूत को विदेश मंत्रालय में तलब किया।
घटना का विवरण
सनमार हेराल्ड नामक टैंकर, जो 20 लाख बैरल कच्चा तेल ले जा रहा था, को IRGC ने निशाना बनाया, भले ही उसे पहले क्लियरेंस मिल चुका था।
कप्तान की 31 सेकंड की वायरल ऑडियो में फायरिंग रोकने की गुहार सुनाई दी, और पूरे काफिले को लौटना पड़ा।
यह दुनिया के सबसे व्यस्त तेल मार्ग पर पहली बड़ी घटना है, जो वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति को प्रभावित कर सकती है।
भारत का जवाब
भारत ने तेहरान में ईरानी राजदूत मोहम्मद फथाली को बुलाकर स्पष्टीकरण मांगा।
ईरान ने पहले कहा था कि भारत के जहाजों को सुरक्षित रास्ता मिलेगा, क्योंकि दोनों देशों के हित जुड़े हैं।
भारतीय नौसेना की ताकत
2026 की ग्लोबल फ्लीट रैंकिंग में भारतीय नौसेना दुनिया की 7वीं सबसे मजबूत है, न कि 5वीं। यह 2 सक्रिय विमानवाहक पोतों और हिंद महासागर में दबदबे के लिए जानी जाती है।








